रूस को लगा एक और बड़ा झटका, विजय दिवस से पहले मार दिया गया 39वां कर्नल
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को एक और गंभीर झटका लगा। आज मास्को में अपने विजय दिवस सैन्य समारोह से पहले अपने 39वें कर्नल को खो दिया है। 36 साल के लेफ्टिनेंट-कर्नल फजुल बिचिकाएव एक फाइटर पायलट थे और उनकी मृत्यु हो गई है, यूक्रेन में एक गुप्त खुफिया मिशन पर मृत्यु हो गई थी।
यूक्रेन युद्ध का आज 75वां दिन दिन है और आज 9 मई है, रूस का विजय दिवस। लेकिन, जो हालात बने हैं, उसे देखकर ये कहना मुश्किल है, कि रूस को यूक्रेन युद्ध में विजय हासिल होने वाली है। क्योंकि, अब ये लड़ाई रूस को काफी ज्यादा भारी पड़ने वाली है।
रूसी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, तीन बच्चों के पिता बिचिकाएव को एक नायक के रूप में चित्रित किया जा रहा है, जो खारकीव के पास यूक्रेनी सैनिकों से संघर्ष के दौरान मारे गये हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, बिचिकाएव के सीने पर गोलां लगी थीं, लेकिन फिर भी उन्होंने अपने सैनिकों को आगे बढ़ने और लड़ने का आदेश दिया था, जबकि वो बुरी तरह से घायल हो गये थे। वह रूस के सबसे कम उम्र के कर्नलों में से एक थे, उनकी रेजिमेंट की कमान दूसरे स्थान पर थी, और उनकी मृत्यु रूस के लिए ‘एक भारी, अपूरणीय क्षति’ थी। आज उनका अंतिम संस्कार किया जा रहा। फजुल बिचिकाएव की मौत डोनबास में 44 वर्षीय लेफ्टिनेंट-कर्नल फ्योडोर सोलोविओव की मौत के खुलासे के एक दिन बाद हुई है। सोलोविओव व्लादिमीर पुतिन के यूक्रेन युद्ध में 38 वें कर्नल थे। उनको भी पूरे सैन्य सम्मान के साथ दफनाया गया था।